MP News: बीजेपी सांसद हिमाद्री सिंह का तलाक... मतभेदों के चलते उठाया कदम!

स
सुनील बंशीवाल

0 बार पढ़ा गया

MP News: बीजेपी सांसद हिमाद्री सिंह का तलाक... मतभेदों के चलते उठाया कदम!

अनूपपुर/सुनील बंशीवाल/खबर डिजिटल/ शहडोल सांसद हिमाद्री सिंह और उनके पति नरेंद्र सिंह मरावी के बीच वैवाहिक संबंध अब आधिकारिक रूप से समाप्त हो गए हैं। अनूपपुर जिले के राजेंद्रग्राम स्थित जिला न्यायालय ने दोनों की पारस्परिक सहमति के आधार पर विवाह विच्छेद की डिक्री पारित कर दी है। दोनों का विवाह 23 नवंबर 2017 को राजेंद्रग्राम में हिंदू रीति-रिवाजों के अनुसार हुआ था। विवाह के कुछ समय बाद दोनों के बीच मतभेद उभरने लगे और परिस्थितियां ऐसी बनीं कि करीब पांच वर्षों से दोनों अलग-अलग रह रहे थे।

बेटी के जन्म के बाद बढ़े मतभेद
विवाह के बाद हिमाद्री सिंह और नरेंद्र सिंह मरावी कुछ समय तक राजेंद्रग्राम में साथ रहे। 20 जून 2019 को दोनों के यहां बेटी गिरिशा का जन्म हुआ। बेटी के जन्म के बाद दंपती के बीच छोटी-छोटी बातों को लेकर विवाद बढ़ने लगा। धीरे-धीरे स्थिति ऐसी हो गई कि दोनों का आपसी संपर्क भी लगभग समाप्त हो गया। इसके बाद 5 मई 2021 से दोनों अलग रहने लगे। न्यायालय में प्रस्तुत याचिका में हिमाद्री सिंह ने कहा कि अब दोनों के बीच साथ रहने की कोई संभावना नहीं बची है और उनका वैवाहिक जीवन व्यावहारिक रूप से समाप्त हो चुका है। दोनों ने न्यायालय के समक्ष आपसी सहमति से विवाह विच्छेद की इच्छा जताई। खास बात यह रही कि कार्यवाही के दौरान दोनों पक्षों ने एक-दूसरे के खिलाफ किसी तरह का आरोप नहीं लगाया।

Book Khaki Vardi ka Yoddha: पढ़ें IPS स्व. विजय रमन के किस्से… कैसे डाकू पान सिंह तोमर, भोपाल गैस त्रासदी के भयावह का किया...

बेटी मां के साथ रहेगी, खर्च उठाएंगी हिमाद्री सिंह
अदालत के समक्ष दोनों पक्षों ने बेटी गिरिशा की देखभाल को लेकर भी अपनी सहमति स्पष्ट की। तय किया गया कि बेटी अपनी मां हिमाद्री सिंह के साथ रहेगी। उसकी परवरिश, पढ़ाई, इलाज और भविष्य में विवाह से संबंधित सभी खर्च हिमाद्री सिंह स्वयं वहन करेंगी।
हिमाद्री सिंह ने यह भी स्पष्ट किया कि वह अपने या अपनी बेटी के लिए नरेंद्र सिंह मरावी से किसी प्रकार के भरण-पोषण अथवा गुजारा भत्ते की मांग नहीं करेंगी। इसके अलावा शादी के दौरान मिले उपहारों और आभूषणों को लेकर भी दोनों के बीच कोई विवाद नहीं होने की बात अदालत के सामने कही गई।

छह महीने तक सुलह की कोशिश, लेकिन नहीं बनी बात
विवाह विच्छेद की प्रक्रिया के दौरान न्यायालय ने दोनों पक्षों को पुनर्विचार और सुलह के लिए छह महीने का समय दिया था। इस अवधि में दोनों के बीच समझौता कराने और वैवाहिक संबंध को बचाने का प्रयास भी किया गया, लेकिन कोई समाधान नहीं निकल सका। छह महीने की अवधि पूरी होने के बाद दोनों ने न्यायालय को बताया कि अब पति-पत्नी के रूप में दोबारा साथ रहना संभव नहीं है। दोनों अपनी इच्छा से विवाह विच्छेद चाहते हैं। इसके बाद न्यायालय ने हिंदू विवाह अधिनियम, 1955 की धारा 13-बी के प्रावधानों के तहत पारस्परिक सहमति से विवाह विच्छेद की डिक्री पारित कर दी।

अधिवक्ता ने की न्यायालय के आदेश की पुष्टि
नरेंद्र सिंह मरावी की ओर से न्यायालय में पैरवी करने वाले अधिवक्ता विनोद सिंह बनाकर ने भी विवाह विच्छेद के आदेश की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि राजेंद्रग्राम न्यायालय ने दोनों पक्षों की पारस्परिक सहमति के आधार पर विवाह विच्छेद का आदेश जारी किया है। वहीं नरेंद्र सिंह मरावी ने भी बताया कि विवाह विच्छेद का निर्णय दोनों की आपसी सहमति से हुआ है। हालांकि, उन्होंने कहा कि उन्होंने अभी न्यायालय का पूरा आदेश स्वयं नहीं देखा है।

MP e-scooty distribution: मेधावी बच्चों को मिलेगी ई-स्कूटी, 16 को मुख्यमंत्री मोहन इन बच्चों को करेंगे सम्मानित

शेयर करें:

संबंधित खबरें

लाड़ली बहनों को दिवाली पर नहीं मिलेगी किस्त! 13 नवंबर को CM मोहन यादव करेंगे राशि ट्रांसफर, करना होगा इंतजार

about 5 hours ago

ओरछा में 126.96 करोड़ रूपये की लागत से बन रहा भव्य श्री रामराजा लोक, सीएम मोहन यादव की घोषणा

about 5 hours ago

CM मोहन यादव ने चित्रकूट मंदाकिनी नदी में किया दीपदान, कहा - महाकाल लोक की तरह रामराजा लोक का होगा निर्माण

about 5 hours ago

दिग्विजय सिंह की यात्रा के बीच फेसबुक पर बढ़ी सक्रियता... 30 दिन में मिले 2.40 करोड़ व्यूज, 52 हजार नए फॉलोअर्स जुड़े

about 5 hours ago

MP में अनुकंपा नियुक्तियों का रास्ता साफ... सभी विभागों में चलेगा विशेष अभियान, 164 डॉक्टरों को भी मिली नियुक्ति

about 6 hours ago

सफाईकर्मियों के लिए बड़ी खुशखबरी... वेतन बढ़ाकर 20 हजार रुपये तक किए जाने की संभावना

about 6 hours ago

और पढ़ें

लाड़ली बहनों को दिवाली पर नहीं मिलेगी किस्त! 13 नवंबर को CM मोहन यादव करेंगे राशि ट्रांसफर, करना होगा इंतजार
मध्यप्रदेश

लाड़ली बहनों को दिवाली पर नहीं मिलेगी किस्त! 13 नवंबर को CM मोहन यादव करेंगे राशि ट्रांसफर, करना होगा इंतजार

ओरछा में 126.96 करोड़ रूपये की लागत से बन रहा भव्य श्री रामराजा लोक, सीएम मोहन यादव की घोषणा
मध्यप्रदेश

ओरछा में 126.96 करोड़ रूपये की लागत से बन रहा भव्य श्री रामराजा लोक, सीएम मोहन यादव की घोषणा

CM मोहन यादव ने चित्रकूट मंदाकिनी नदी में किया दीपदान, कहा - महाकाल लोक की तरह रामराजा लोक का होगा निर्माण
मध्यप्रदेश

CM मोहन यादव ने चित्रकूट मंदाकिनी नदी में किया दीपदान, कहा - महाकाल लोक की तरह रामराजा लोक का होगा निर्माण

दिग्विजय सिंह की यात्रा के बीच फेसबुक पर बढ़ी सक्रियता... 30 दिन में मिले 2.40 करोड़ व्यूज, 52 हजार नए फॉलोअर्स जुड़े
मध्यप्रदेश

दिग्विजय सिंह की यात्रा के बीच फेसबुक पर बढ़ी सक्रियता... 30 दिन में मिले 2.40 करोड़ व्यूज, 52 हजार नए फॉलोअर्स जुड़े

MP में अनुकंपा नियुक्तियों का रास्ता साफ... सभी विभागों में चलेगा विशेष अभियान, 164 डॉक्टरों को भी मिली नियुक्ति
मध्यप्रदेश

MP में अनुकंपा नियुक्तियों का रास्ता साफ... सभी विभागों में चलेगा विशेष अभियान, 164 डॉक्टरों को भी मिली नियुक्ति

सफाईकर्मियों के लिए बड़ी खुशखबरी... वेतन बढ़ाकर 20 हजार रुपये तक किए जाने की संभावना
मध्यप्रदेश

सफाईकर्मियों के लिए बड़ी खुशखबरी... वेतन बढ़ाकर 20 हजार रुपये तक किए जाने की संभावना

दीपावली की रौनक के बीच अंधेरे में डूबा रानी लक्ष्मीबाई चौक, नगर निगम की व्यवस्था पर सवाल!
मध्यप्रदेश

दीपावली की रौनक के बीच अंधेरे में डूबा रानी लक्ष्मीबाई चौक, नगर निगम की व्यवस्था पर सवाल!

त्योहारों की भीड़ में आमजन के बीच नजर आई कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया, लोगों ने की सराहना
मध्यप्रदेश

त्योहारों की भीड़ में आमजन के बीच नजर आई कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया, लोगों ने की सराहना

धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की बढ़ सकती हैं मुश्किलें!.. श्रीकृष्ण का वंशज बताने वाले अधिवक्ता ने अदालत में दायर किया मानहानि का केस
मध्यप्रदेश

धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की बढ़ सकती हैं मुश्किलें!.. श्रीकृष्ण का वंशज बताने वाले अधिवक्ता ने अदालत में दायर किया मानहानि का केस