मध्यप्रदेश के लिए 15 जुलाई का दिन विमानन क्षेत्र में एक बड़ी उपलब्धि लेकर आया. इंदौर से संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) की राजधानी अबू धाबी के लिए पहली डायरेक्ट फ्लाइट की शुरुआत हो गई है. मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इंदौर एयरपोर्ट पहुंचकर इस अंतरराष्ट्रीय सेवा का विधिवत शुभारंभ किया और फ्लैग ऑफ कर विमान को रवाना किया. यह उड़ान मध्यप्रदेश नागरिक विमानन नीति-2025 के तहत शुरू की गई है. इस दौरान मुख्यमंत्री ने यात्रियों को प्रतीकात्मक बोर्डिंग पास भी सौंपे.
प्रदेश की कनेक्टिविटी को मिलेगा नया विस्तार
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि इंदौर से अंतरराष्ट्रीय उड़ान की शुरुआत पूरे प्रदेश के लिए गर्व का विषय है. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश के सभी राज्यों में औद्योगिक और आर्थिक विकास तेजी से हो रहा है, जिसमें बेहतर हवाई संपर्क की अहम भूमिका है. उन्होंने बताया कि एयर इंडिया एक्सप्रेस की यह नई सेवा राज्य की विमानन नीति के तहत शुरू की गई है और इससे प्रदेश के विकास को नई गति मिलेगी.
मुख्यमंत्री ने कहा कि इंदौर पहले से ही प्रदेश की आर्थिक राजधानी है और अब अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के विस्तार से इसकी पहचान और मजबूत होगी. उन्होंने यह भी बताया कि प्रदेश के भीतर शुरू की गई कई क्षेत्रीय उड़ानें सफलतापूर्वक संचालित हो रही हैं.
जल्द शुरू होंगी कई नई उड़ानें
मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि रीवा से दिल्ली, इंदौर और रायपुर के लिए संचालित उड़ानों को अच्छा प्रतिसाद मिल रहा है. आने वाले समय में जबलपुर-कोलकाता, भोपाल-रीवा, भोपाल-पटना और रीवा-कोलकाता जैसे नए हवाई रूट भी शुरू किए जाएंगे. इसके अलावा धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए इंदौर, उज्जैन और ओंकारेश्वर के बीच हेलीकॉप्टर सेवा भी उपलब्ध कराई गई है.
सरकार देगी किराए में राहत
डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का सपना है कि आम नागरिक भी हवाई यात्रा कर सके और राज्य सरकार उसी सोच पर काम कर रही है. उन्होंने बताया कि पहले इंदौर से अबू धाबी जाने वाले यात्रियों को दिल्ली या मुंबई के जरिए यात्रा करनी पड़ती थी, जिससे 7 से 8 घंटे का समय लगता था. अब सीधी उड़ान शुरू होने से यह सफर केवल 3 से 4 घंटे में पूरा हो सकेगा.
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार नागरिक विमानन नीति के तहत प्रत्येक उड़ान पर 15 लाख रुपये तक की सब्सिडी देने के लिए तैयार है. इसी वजह से इस रूट का किराया करीब 25 हजार रुपये के बजाय लगभग 12 से 14 हजार रुपये तक रखा जाएगा. किराए में आने वाले अंतर का भार सरकार उठाएगी, जिससे अधिक लोग इस सेवा का लाभ ले सकेंगे.
विमानन ढांचे को मजबूत करने पर सरकार का फोकस
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार लगातार हवाई सुविधाओं का विस्तार कर रही है. सरकार बनने के बाद तीन नए एयरपोर्ट शुरू किए जा चुके हैं, जबकि उज्जैन और शिवपुरी में नए एयरपोर्ट का निर्माण जारी है. इसके बाद प्रदेश में कुल 10 एयरपोर्ट उपलब्ध होंगे. उन्होंने बताया कि सरकार का लक्ष्य हर 75 किलोमीटर पर एक कमर्शियल एयरपोर्ट या एयरस्ट्रिप और हर 45 किलोमीटर पर एक हेलीपेड विकसित करना है. 230 विधानसभा क्षेत्रों में बनने वाले हेलीपेड आपातकालीन सेवाओं और आम नागरिकों के लिए काफी उपयोगी साबित होंगे.
रीजनल कनेक्टिविटी और स्वास्थ्य सेवाओं को मिलेगा लाभ
मुख्यमंत्री ने कहा कि रीजनल कनेक्टिविटी स्कीम के तहत शहडोल, नीमच, छिंदवाड़ा और मंडला जैसे क्षेत्रों को भी हवाई सेवा से जोड़ने की योजना है. उन्होंने बताया कि गंभीर मरीजों के लिए शुरू की गई पीएमश्री एयर एंबुलेंस सेवा मध्यप्रदेश की एक महत्वपूर्ण पहल है और इस मॉडल को दूसरे राज्य भी अपनाने लगे हैं.
कार्यक्रम के अंत में मुख्यमंत्री ने कहा कि अबू धाबी के साथ भारत के ऐतिहासिक और आर्थिक संबंध लंबे समय से रहे हैं. ऐसे में यह नई अंतरराष्ट्रीय उड़ान व्यापार, निवेश, पर्यटन और रोजगार के नए अवसर खोलने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी. उन्होंने पहली उड़ान से यात्रा करने वाले सभी यात्रियों को शुभकामनाएं देते हुए इसे मध्यप्रदेश के विकास की दिशा में एक अहम कदम बताया.









