भोपाल/सुनील बंशीवाल/खबर डिजिटल/ मध्यप्रदेश भाजपा में संगठन और सरकार के बीच बेहतर समन्वय के साथ वरिष्ठ नेताओं के बीच मतभेदों को लेकर चल रही चर्चाओं के बीच पार्टी स्तर पर बैठकों का सिलसिला तेज हो गया है। भाजपा के नवनियुक्त प्रदेश प्रभारी विप्लब कुमार देव, सह प्रभारी रेखा वर्मा और प्रदेश संगठन महामंत्री चंद्रशेखर भोपाल पहुंचे। तीनों पदाधिकारियों के दौरे को प्रदेश भाजपा की आगामी गतिविधियों के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। प्रदेश भाजपा कार्यालय में बुधवार को कोर ग्रुप की बैठक प्रस्तावित है। इसमें मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल समेत पार्टी के अन्य वरिष्ठ नेता शामिल होंगे। बैठक में संगठन से जुड़े विषयों के साथ सरकार और संगठन के बीच समन्वय को लेकर भी चर्चा होने की संभावना है।
वरिष्ठ नेताओं के बीच तालमेल पर भी नजर
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, नए संगठन पदाधिकारियों के सामने सबसे बड़ी चुनौतियों में सत्ता और संगठन के बीच बेहतर तालमेल स्थापित करना तथा वरिष्ठ नेताओं के बीच सामने आ रही मतभिन्नता को दूर करना शामिल है। रिपोर्ट में यह भी चर्चा है कि नेताओं के बीच मतभेदों की खबरों का असर पार्टी कार्यकर्ताओं के बीच अलग-अलग समूहों के रूप में दिखाई देने की बात कही जा रही है। हालांकि, भाजपा के वरिष्ठ नेताओं के बीच किसी औपचारिक गुटबाजी की पुष्टि नहीं हुई है। इस संबंध में सामने आ रही बातें फिलहाल मीडिया रिपोर्टों और राजनीतिक चर्चाओं तक सीमित हैं।
इंदौर के कार्यक्रम के बाद भी हुई थी चर्चा
इंदौर में हाल ही में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान कैलाश विजयवर्गीय की मौजूदगी में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के संबोधन के बाद सामने आई एक टिप्पणी को लेकर भी राजनीतिक हलकों में चर्चा हुई थी। इस घटनाक्रम को लेकर अलग-अलग तरह के राजनीतिक कयास लगाए गए, लेकिन इसे नेताओं के बीच किसी स्थापित गुटीय टकराव के प्रमाण के तौर पर आधिकारिक रूप से सामने नहीं रखा गया है। ऐसे में अब नए प्रदेश प्रभारी, सह प्रभारी और संगठन महामंत्री के सामने प्रदेश भाजपा में संगठनात्मक गतिविधियों को गति देने के साथ वरिष्ठ नेताओं और कार्यकर्ताओं के बीच बेहतर समन्वय कायम करने की जिम्मेदारी भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है। बुधवार की कोर ग्रुप बैठक को इसी दृष्टि से अहम माना जा रहा है।
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