मध्य प्रदेश सरकार ने प्रशासनिक व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से एक बार फिर आईएएस अधिकारियों के तबादला आदेशों में बदलाव किया है. मंगलवार को जारी संशोधित आदेश के तहत 8 आईएएस अधिकारियों की नई पदस्थापनाएं की गई हैं. इस फेरबदल में कई जिलों के कलेक्टर बदले गए हैं, जबकि कुछ अधिकारियों को नए विभागों की जिम्मेदारी सौंपी गई है.
शहडोल कलेक्टर पद पर बदला फैसला
इस प्रशासनिक बदलाव में सबसे अधिक चर्चा शहडोल कलेक्टर की नियुक्ति को लेकर रही. पहले जारी आदेश में आईएएस अधिकारी मिशा सिंह को शहडोल कलेक्टर बनाया गया था, लेकिन बाद में सरकार ने इस आदेश में संशोधन कर दिया. अब वर्ष 2015 बैच के आईएएस अधिकारी पार्थ जायसवाल को शहडोल जिले का नया कलेक्टर नियुक्त किया गया है.
संशोधित आदेश के अनुसार मिशा सिंह अब भोपाल में अपर आयुक्त, नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के पद पर अपनी सेवाएं देंगी.
छतरपुर और बालाघाट को मिले नए कलेक्टर
सरकार ने दो अन्य जिलों में भी कलेक्टर स्तर पर बदलाव किया है. वर्ष 2015 बैच की आईएएस अधिकारी मृणाल मीणा को अब छतरपुर जिले की कमान सौंपी गई है. इससे पहले वे बालाघाट की कलेक्टर थीं.
वहीं, उनकी जगह वर्ष 2017 बैच के आईएएस अधिकारी कुमार सत्यम को बालाघाट का नया कलेक्टर बनाया गया है. कुमार सत्यम इससे पहले ग्वालियर में अपर कलेक्टर के पद पर कार्यरत थे और अब उन्हें जिले की प्रशासनिक जिम्मेदारी सौंपी गई है.
कई अधिकारियों को मिली नई जिम्मेदारी
तबादला सूची में अन्य वरिष्ठ अधिकारियों के दायित्वों में भी बदलाव किया गया है. अंकित अस्थाना को कर्मचारी चयन मंडल (ESB) की जिम्मेदारी दी गई है. वहीं गिरीश शर्मा को तकनीकी शिक्षा, कौशल विकास एवं रोजगार विभाग में अपर सचिव नियुक्त किया गया है.
इसके अलावा अदिति गर्ग को ग्लोबल स्किल पार्क का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है. वहीं दिनेश जैन को नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग का अतिरिक्त दायित्व दिया गया है.
प्रशासनिक व्यवस्था मजबूत करने की तैयारी
राज्य सरकार का मानना है कि इन बदलावों से प्रशासनिक कार्यों में तेजी आएगी और विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित होगा. नए अधिकारियों से शासन की योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन और जिलों में प्रशासनिक व्यवस्था को और मजबूत बनाने की उम्मीद जताई जा रही है. सरकार समय-समय पर आवश्यकतानुसार अधिकारियों की जिम्मेदारियों में बदलाव कर प्रशासनिक कार्यप्रणाली को अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में काम कर रही है.









