MP Petrol Price Hike: मध्य प्रदेश की जनता पर इस समय महंगाई का एक और बड़ा और चौकाने वाला बोझ आ पड़ा है। तेल कंपनियों द्वारा ईंधन के दामों में लगातार की जा रही बढ़ोतरी के कारण प्रदेशवासियों को देश के अन्य राज्यों की तुलना में तेल के लिए भारी कीमत चुकानी पड़ रही है। मंगलवार को तेल कंपनियों ने एक बार फिर 90 पैसे प्रति लीटर की नई वृद्धि कर दी है। इसके ठीक पहले भी कीमतों में 3 रूपए प्रति लीटर का बड़ा इजाफा किया गया था, यानी महज कुछ ही दिनों के अंदर पेट्रोल-डीजल के दाम करीब 4 रुपये तक बढ़ चुके हैं।
भोपाल में 110 रूपए पार पेट्रोल
इस ताजा बढ़ोतरी के बाद सूबे की राजधानी भोपाल सहित पूरे प्रदेश में ईंधन के दाम आसमान छू रहे हैं। भोपाल में अब एक लीटर पेट्रोल की कीमत 110.74 रुपये और डीजल की कीमत 95.90 रुपये प्रति लीटर पहुंच गई है।
क्यों महंगा है MP में तेल?
जानकारों और आंकड़ों के मुताबिक, मध्य प्रदेश में पेट्रोल-डीजल के इतने महंगे होने की मुख्य वजह राज्य सरकार द्वारा वसूला जाने वाला भारी वैट टैक्स है। इसी टैक्स के खेल के चलते एमपी की जनता को पड़ोसी या अन्य राज्यों की तुलना में प्रति लीटर करीब 12 रुपये ज्यादा जेब से ढीले करने पड़ रहे हैं।
रसोई, ट्रांसपोर्ट सब बिगड़ा
ईंधन की इस बेलगाम रफ्तार ने आम आदमी के घरेलू बजट को पूरी तरह से तहस-नहस कर दिया है। पेट्रोल-डीजल महंगा होने से मालभाड़ा बढ़ गया है, जिसके कारण बाजार में रोजमर्रा की आवश्यक वस्तुएं और सब्जियां भी महंगी हो रही हैं। महिलाओं के किचन का मासिक बजट पूरी तरह बिगड़ चुका है।
उमंग सिंघार ने सरकार को घेरा
जनता पर पड़ी इस दोहरी मार को लेकर मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस ने मोहन सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने सरकार से तुरंत वैट टैक्स घटाकर जनता को राहत देने की मांग की है। सोशल मीडिया और अपने बयान में सरकार को घेरते हुए उमंग सिंघार ने कहा है कि आज भोपाल देश के सबसे महंगे पेट्रोल वाले शहरों की सूची में शुमार हो चुका है। देश की राजधानी दिल्ली में जहां पेट्रोल की कीमत लगभग 98.67 रुपये प्रति लीटर है, वहीं हमारे भोपाल में यह 110.70 रुपये के पार बिक रहा है। मध्य प्रदेश की जनता देश की राजधानी से सीधे 12 रूपए प्रति लीटर अधिक टैक्स क्यों चुकाए? सरकार को अपनी हठधर्मिता छोड़कर तुरंत वैट टैक्स कम करना चाहिए ताकि आमजन को इस भीषण महंगाई में कुछ सांस मिल सके।









