उज्जैन/खबर डिजिटल/ उज्जैन के छत्री चौक स्थित शाही मस्जिद के प्रभावित हिस्से को हटाने की कार्रवाई के दौरान गुरुवार सुबह हादसा हो गया। मीनार हटाने के लिए लगाई गई क्रेन का बेल्ट टूटने से मीनार का एक हिस्सा मस्जिद की छत पर जा गिरा, जिससे छत को नुकसान पहुंचा। वहीं, 28 सितंबर को हुए उपद्रव के मामले में गिरफ्तार किए गए मस्जिद के पूर्व सदर अरशद रहमानी का भी निधन हो गया। जमानत पर जेल से बाहर आने के बाद उनकी तबीयत बिगड़ गई थी। परिजन उन्हें अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। डॉक्टरों के अनुसार, मौत की वजह हार्ट अटैक बताई गई है।
जमानत पर रिहा होने के बाद बिगड़ी थी तबीयत
शाही मस्जिद के प्रभावित हिस्से को हटाने के विरोध में 28 सितंबर को हुए उपद्रव के बाद पुलिस ने पूर्व सदर अरशद रहमानी के खिलाफ सोशल मीडिया पर कथित भड़काऊ पोस्ट करने के मामले में प्रकरण दर्ज किया था। इसके बाद उन्हें गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया था। जानकारी के मुताबिक, 30 सितंबर की शाम जमानत पर रिहा होने के बाद अरशद रहमानी अपने घर पहुंचे थे। इसी दौरान उनकी तबीयत बिगड़ गई। देर रात परिजन उन्हें उपचार के लिए चरक अस्पताल ले गए, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। चिकित्सकों ने मौत का कारण हार्ट अटैक बताया है। अरशद रहमानी मस्जिद की ओर से इस मामले में याचिकाकर्ता भी थे। उनके निधन के बाद मामले से जुड़े घटनाक्रम को लेकर चर्चा हो रही है।
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80 से ज्यादा सोशल मीडिया अकाउंट ब्लॉक
पुलिस के अनुसार, सोशल मीडिया पर अफवाह फैलाने और भ्रामक सामग्री प्रसारित किए जाने से जुड़े मामलों की भी जांच की जा रही है। इस कार्रवाई के तहत अब तक 80 से अधिक सोशल मीडिया अकाउंट ब्लॉक किए जाने की जानकारी सामने आई है। इनमें बड़ी संख्या इंस्टाग्राम अकाउंट की बताई जा रही है। जांच में कुछ अकाउंट के दूसरे राज्यों से संचालित होने की बात भी सामने आई है। पुलिस सोशल मीडिया पर प्रसारित सामग्री के स्रोत और उससे जुड़े लोगों की पहचान करने में जुटी है।
उपद्रव मामले में 8 एफआईआर, 24 आरोपी गिरफ्तार
28 सितंबर को मस्जिद का प्रभावित हिस्सा हटाने के दौरान हुए उपद्रव के मामले में पुलिस की कार्रवाई जारी है। अब तक दर्ज 8 एफआईआर में 34 लोगों को आरोपी बनाया गया है, जिनमें से 24 लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है। पुलिस मामले की जांच के लिए घटनास्थल के सीसीटीवी फुटेज, गिरफ्तार आरोपियों के मोबाइल फोन और कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) की पड़ताल कर रही है। इसके साथ ही साइबर टीम सोशल मीडिया पर प्रसारित पोस्ट और अन्य सामग्री की जांच में जुटी है।
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